उत्तर प्रदेश में 'कृष्णावतारम' टैक्स फ्री घोषित, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फिल्म देखने के बाद लिया फैसला

धार्मिक और सांस्कृतिक विषयों पर आधारित फिल्म 'कृष्णावतारम' को उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य में मनोरंजन कर से मुक्त करने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में इस फिल्म को देखा और इसकी सराहना करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणादायक बताया। सरकार के इस कदम का उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों तक फिल्म के संदेश को पहुँचाना है ताकि युवा पीढ़ी अपनी सांस्कृतिक विरासत और जड़ों से जुड़ सके।
बॉक्स ऑफिस पर भी इस फिल्म का प्रदर्शन काफी प्रभावशाली रहा है। शुरुआती आंकड़ों के अनुसार फिल्म की कमाई में लगातार बढ़ोतरी देखी जा रही है और बीते रविवार को इसने दस करोड़ रुपये से अधिक का संग्रह करके एक नया रिकॉर्ड बनाया है। दर्शकों के बीच फिल्म की बढ़ती लोकप्रियता यह दर्शाती है कि ऐतिहासिक और आध्यात्मिक कहानियों के प्रति लोगों का लगाव अब भी बरकरार है। फिल्म को मिल रही इस सफलता ने फिल्म जगत के जानकारों को भी हैरान कर दिया है।
फिल्म की कहानी भगवान कृष्ण के जीवन के विभिन्न पहलुओं और उनके उपदेशों को आधुनिक संदर्भ में प्रस्तुत करती है। फिल्म के निर्माण और कलाकारों के अभिनय में जो संजीदगी दिखाई गई है उसने दर्शकों को भावुक कर दिया है। उत्तर प्रदेश में टैक्स फ्री होने के बाद सिनेमाघरों में दर्शकों की संख्या में और इजाफा होने की उम्मीद जताई जा रही है। फिल्म समीक्षकों का मानना है कि सरकारी प्रोत्साहन से ऐसी फिल्मों को व्यापक मंच मिलता है जो सामाजिक मूल्यों को बढ़ावा देती हैं।
मुख्यमंत्री ने फिल्म देखने के बाद कलाकारों और निर्माण टीम से मुलाकात भी की। उन्होंने कहा कि कला और सिनेमा के माध्यम से जब इतिहास और धर्म को सही परिप्रेक्ष्य में दिखाया जाता है तो वह समाज पर गहरा प्रभाव छोड़ता है। प्रदेश के विभिन्न शहरों के सिनेमाघरों में फिल्म की एडवांस बुकिंग में तेजी देखी जा रही है और रविवार के शानदार कलेक्शन ने यह स्पष्ट कर दिया है कि 'कृष्णावतारम' लंबी रेस का घोड़ा साबित होने वाली है।
